SIFARNAMA · POETRY ← Back सुकून? “मैदान-ए-जंग में भटक रहे हैं सुकून की तलाश में अमन का पैग़ाम लेकर निकले हैं जंग के लिबास में ...— Shahab Khan 'Sifar' 02 Sep 2026 Copy Share Download as Image